गांधीनगर में अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति का राष्ट्रीय अधिवेशन संपन्न, पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने का लिया गया संकल्प

गांधीनगर (गुजरात)। अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति का राष्ट्रीय अधिवेशन गुजरात की राजधानी गांधीनगर स्थित उमिया फाउंडेशन सभागार में गुरुवार को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक चले इस अधिवेशन में देश के विभिन्न राज्यों से आए लगभग 850 पत्रकारों, संगठन के पदाधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, अधिवक्ताओं एवं जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। अधिवेशन का मुख्य उद्देश्य देशभर में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू कराने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर अभियान को मजबूत करना रहा।

समिति के राष्ट्रीय सचिव शेख रईस अहमद ने बताया कि कार्यक्रम में गुजरात सरकार के कैबिनेट मंत्री कुँवरजी बावड़िया, राज्यमंत्री कांतिलाल अमरूतिया, विधायक धवलसिंह जाला, विधायक अरविंदभाई पटेल, आम आदमी पार्टी गुजरात प्रदेश अध्यक्ष इशुदान गढ़वी, पूर्व केंद्रीय मंत्री भरतसिंह सोलंकी, कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता मनहर पटेल सहित गुजरात एवं देश के विभिन्न राज्यों से आए पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता, अधिवक्ता और संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।

अधिवेशन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के जनप्रतिनिधियों की एक साथ मौजूदगी को पत्रकार सुरक्षा और स्वतंत्र पत्रकारिता के मुद्दे पर व्यापक समर्थन का संदेश माना गया। वक्ताओं ने कहा कि पत्रकारों की सुरक्षा लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए आवश्यक है और इस विषय को राजनीतिक सीमाओं से ऊपर उठकर देखा जाना चाहिए।

समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष जिग्नेश भाई कलावाडिया (पटेल) ने अपने संबोधन में कहा कि पत्रकार सुरक्षा कानून समय की सबसे बड़ी जरूरत है। उन्होंने कहा कि पत्रकार समाज की समस्याओं को सामने लाने और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, इसलिए उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।

राष्ट्रीय महासचिव महफूज़ खान ने कहा कि पत्रकारिता केवल एक पेशा नहीं, बल्कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 से पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग को लेकर जंतर-मंतर सहित विभिन्न स्थानों पर आंदोलन और धरना-प्रदर्शन किए गए। उन्होंने यह भी कहा कि वर्ष 2016 में तत्कालीन केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह को पत्रकारों पर हो रहे अत्याचार, फर्जी मुकदमों और सुरक्षा संबंधी मुद्दों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया था।

इस अवसर पर संगठन के राष्ट्रीय पदाधिकारी राकेश प्रताप सिंह परिहार ने संगठन के उद्देश्यों और भविष्य की रणनीति पर प्रकाश डाला। वहीं उत्तर प्रदेश प्रदेश अध्यक्ष अजय सिंह, जयपुर से मनमोहन सिंह, मुंबई से दिलशाद खान, छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष गोविंद शर्मा, बिहार से मनोज सिंह और सुनील चौधरी सहित विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों ने पत्रकार सुरक्षा कानून और संगठन विस्तार को लेकर अपने विचार व्यक्त किए।

अधिवेशन के दौरान राष्ट्रीय कार्यकारिणी द्वारा तैयार प्रस्तावों को सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई। इनमें पत्रकार सुरक्षा कानून के लिए राष्ट्रीय अभियान चलाना, संगठन का राज्य एवं जिला स्तर तक विस्तार करना, पत्रकारों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराना, ग्रामीण एवं डिजिटल पत्रकारों को संगठन से जोड़ना तथा पत्रकारों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करना प्रमुख रहा।

कार्यक्रम के अंत में अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति ने देशभर के पत्रकारों की सुरक्षा, सम्मान और स्वतंत्र पत्रकारिता को सशक्त बनाने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर अभियान को और तेज करने का संकल्प लिया।

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